Skip to content
Thursday, 5 November 2026
खरगोन

परिवार में धन अल्प हो लेकिन प्रेम और सद्भाव अपार होना चाहिए

1 min read
Text Size:

खरगोन-  स्नेह यात्रा भगवानपुरा से प्रारम्भ हुई। भगवानपुर से प्रारंभ होकर यात्रा धूलकोट पहुँची। यात्रा का भव्य स्वागत कार्यक्रम में स्वामी हरिओमानंद आनंद जी के सानिध्य में ग्रामीणों ने प्रवचन सुने। स्वामी ने कहा कि हमारे शरीर में हर एक अंग एक बहुत ज्यादा महत्व रखता है। इसी तरह समाज भी है, हर वर्ग महत्वपूर्ण है। कोई वर्ग अगर कार्य करना बंद कर दे तो व्यवस्थाएं भंग हो जाएगी। समाज अपने-अपने कर्तव्यों के पालन से चलता है। परिवार में धन भले ही अल्प हो लेकिन प्रेम और सद्भाव अपार रूप में होना चाहिए। सरपंच अगर सचिव की साइन सचिव अगर जनपद सीईओ के हस्ताक्षर करने लगे तो व्यवस्थाएं भंग हो जाएगी।

इसी तरह प्रत्येक को अपना-अपना कार्य करना चाहिए। जब अन्य के कार्य में लोगों का हस्तक्षेप बढ़ा तो व्यवस्थाएं बिगड़ी है। इसके बाद यात्रा काबरी पहुंची। स्वागत और प्रवचन के बाद स्वामी जी ने स्थानीय नीतू वर्मा एक कहार परिवार में मक्का की रोटी व उढद की दाल ग्रहण की। परिवार में सब समाज एक का संदेश देते हुए यात्रा मोहन पहुंची। जहां भव्य दिव्य स्वागत हुआ दोपहर विश्राम के बाद यात्रा जमोठी गोलवाड़ी पहुँची। ज्ञात हो कि मप्र शासन द्वारा जिले में स्नेह यात्रा प्रारंभ हुई है।

89 Views
What do you think?

Leave a Reply