-डीएपी के विकल्प, कम पानी में अधिक उत्पादन, पशुपालन तकनीक और नरवाई प्रबंधन पर किया जागरूक
अनोखा तीर, हरदा। टिमरनी विकासखंड के ग्राम रुंदलाय में मंगलवार को कृषक चौपाल का आयोजन किया गया। जिपं सीईओ नरोत्तम भार्गव एवं कृषि स्थायी समिति सभापति ललित पटेल की उपस्थिति में आयोजित चौपाल में किसानों को आधुनिक कृषि तकनीकों, विभागीय योजनाओं और कृषि नवाचारों की जानकारी दी गई। चौपाल में उपसंचालक कृषि ने किसानों को रबी सीजन में संतुलित उर्वरक उपयोग की सलाह देते हुए डीएपी के विकल्प के रूप में टीएसपी, यूरिया एवं एनपीके के उपयोग की जानकारी दी। उन्होंने मृदा परीक्षण और फसल की आवश्यकता के अनुसार उर्वरकों का इस्तेमाल करने तथा कम पानी में अधिक उत्पादन देने वाली फसलों को अपनाने पर जोर दिया। वहीं, पशुपालन विभाग ने सेक्स सॉर्टेड सीमन तकनीक की जानकारी देते हुए बताया कि इससे उन्नत नस्ल की मादा संतति प्राप्त करने की संभावना बढ़ती है, जिससे दुग्ध उत्पादन और पशुपालकों की आय में वृद्धि हो सकती है। विद्युत एवं जल संसाधन विभाग के अधिकारियों ने सिंचाई के लिए बिजली और पानी की उपलब्धता से जुड़ी व्यवस्थाओं की जानकारी दी। कृषि अभियांत्रिकी विभाग ने नरवाई प्रबंधन के तरीके बताते हुए किसानों से फसल अवशेष नहीं जलाने की अपील की। अधिकारियों ने कृषि यंत्रों और आधुनिक तकनीकों से नरवाई प्रबंधन कर मिट्टी की उर्वरता बनाए रखने तथा पर्यावरण संरक्षण में सहयोग करने की बात कही। इस दौरान विभिन्न विभागों के अधिकारियों ने किसानों से सीधा संवाद कर उनकी समस्याएं और सुझाव सुने। चौपाल के माध्यम से खेती की लागत कम करने, जल संसाधनों का बेहतर उपयोग करने और किसानों की आय बढ़ाने के लिए विभागीय योजनाओं की जानकारी दी गई।







