छात्राओं के न्यायायिक अधिकारों पर हुई कार्यशाला

WhatsApp Image 2025-09-19 at 11.24.35 PM

 

अनोखा तीर, हरदा। लाल बहादुर शास्त्री व्यावसायिक महाविद्यालय हरदा में आयोजित महिला सशक्तिकरण सप्ताह के अंतर्गत छात्राओं के न्यायायिक अधिकारों के बारे में एक कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला में जिला न्यायाधीश एवं सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण प्रदीप राठौर, तृतीय जिला सत्र न्यायाधीश रोहित सिंह, न्यायायिक मजिस्ट्रेट द्वितीय श्रेणी सुश्री काजल पटेल एवं न्यायायिक मजिस्ट्रेट द्वितीय श्रेणी सुश्री सृष्टि साहू उपस्थित रहे। प्रदीप राठौर द्वारा विद्यार्थियों को महिलाओं और छात्राओं के साथ होने वाले अपराधों, उनके अधिकारों और भारतीय दंड संहिता की विभिन्न धाराओं के बारे में बताया गया। उन्होंने बताया कि भद्दे कमेंट करना, अश्लील गाने गाना, गलत इरादे से पीछा करना और सोशल मीडिया के माध्यम से निगरानी कर परेशान करना गंभीर अपराधों की सूची में आता है और ऐसे कृत्यों में कड़ी सजा और जुर्माने का प्रावधान है। रोहित सिंह द्वारा विद्यार्थियों को पॉक्सो कानून की विस्तृत जानकारी के साथ उसमें लगने वाली भारतीय दंड संहिता की धाराओं और सजाओं के बारे में बताया। महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ.राजीव खरे ने कहा कि भारतीय परंपरा के अनुसार स्त्री को देवी का दर्जा दिया जाता है और उसी रूप में उसकी पूजा उपासना की जाती है, लेकिन क्या सही मायनों में हमारे समाज में, हमारी शिक्षा पद्धति में नारी को वो स्थान हासिल है? इस कार्यशाला में विद्यार्थियों ने निबंध लेखन और वाचन के साथ ही अपने विचार भी रखे और कुछ विषयपरक प्रस्तुतियां भी दीं। जिसमें आरती तिर्की महक गुर्जर, और हर्षित नागवे क्रमश: प्रथम, द्वितीय और तृतीय स्थान पर रहे। कार्यक्रम में महाविद्यालय की कार्यकारी निदेशिका डॉ. मोना खरे के साथ, समस्त स्टाफ और विद्यार्थी उपस्थित रहे।

Views Today: 2

Total Views: 86

Leave a Reply

error: Content is protected !!