खरगोन- जिले में अल्प वर्षा के कारण खरीफ की फसले प्रभावित हुई है जिसका लगातार सर्वे राजस्व एवं कृषि विभाग के अमले द्वारा किया जा रहा हैं। एसडीएम भास्कर गाचले, उप संचालक कृषि एमएल चौहान सहित दल ने ग्राम रजुर, नन्दगांव बगूद, अघावन एवं टेमला ग्राम में फसलों का निरीक्षण किया। दल द्वारा अघावन के कृषक आशाराम पाटीदार व अन्य कृषकों की सोयाबीन फसल का निरीक्षण किया गया। निरीक्षण में पाया गया अल्प वर्षा के कारण फली में दाना परिपक्व नहीं आया हैं। साथ ही दल कपास एवं अन्य फसलों का भी निरीक्षण किया।
इसी प्रकार दल ने रजुर में प्राकृतिक खेती कर रहे कृषक रामचन्द्र पाटीदार एवं राकेश पाटीदार के खेत का भी निरीक्षण किया। कृषक रामचन्द्र पाटीदार वर्ष 2018 से 8 एकड़ में सम्पूर्ण प्राकृतिक खेती कर रहे हैं। उन्होंने उद्यानिकी फसल अमरूद किस्म वीएनआर बिही, एवं ताईवान पिंक लगाया हुआ है। वे अन्तवर्तीय में अदरक, हल्दी, चना, डालर चना, मूंग आदि फसले भी लगाते हैं। कृषक श्री पाटीदार के अनुसार एक एकड़ से एक वर्ष में 12 से 15 लाख की फसल लेते हैं। प्राकृतिक खेती में खर्च भी कम हैं साथ ही सिंचाई भी कम लगती है। वर्तमान में अल्प वर्षा की स्थिति में भी उनकी फसल हरी-भरी स्थिति में पायी गई।
इनके अलावा कृषक राकेश पाटीदार 3 एकड़ में सम्पूर्ण प्राकृतिक खेती कर रहे है। उन्होंने 3 एकड़ में अमरूद की किस्म रेड डायमण्ड लगाई है। अन्तवर्तीय में अदरक, चना, मिर्च आदि फसल लेते हैं। दल द्वारा सतत् अल्प वर्षा से प्रभावित फसलों का निरीक्षण किया जा रहा है। साथ ही जिले के राजस्व एवं कृषि विभाग के मैदानी कर्मचारियों द्वारा प्रभावित फसलों का सर्वे भी निरन्तर किया जा रहा हैं। निरीक्षण दल में सहायक संचालक कृषि प्रकाश ठाकुर, अनुविभागीय कृषि अधिकारी टीएस मण्डलोई, उप परियोजना संचालक आत्मा डॉ. मना सोलंकी, एटीएम आत्मा शिव राठौड़, ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारी पीएस बार्चे, एवं प्रवीण बाचें सहित अन्य शामिल रहे।
Views Today: 2
Total Views: 80

