-रेहटी थाना प्रांगण सहित कई स्थानों पर किया सघन पौधरोपण
अनोखा तीर, रेहटी। विश्व पर्यावरण दिवस के पावन अवसर पर पर्यावरण संरक्षण और धरती को हरी-भरी बनाने के उद्देश्य से क्षेत्र में बड़े स्तर पर पौधरोपण अभियान चलाया गया। इसी कड़ी में सुप्रसिद्ध औद्योगिक इकाई यूफोरिया माइंस एंड मिनरल्स प्राइवेट लिमिटेड द्वारा रेहटी तहसील क्षेत्र में व्यापक स्तर पर पौधरोपण कार्यक्रम आयोजित किया गया। कंपनी के इस अभियान के तहत ग्रामीण अंचलों से लेकर शासकीय परिसरों तक में बड़े पैमाने पर विभिन्न प्रजातियों के पौधे रोपे गए। अभियान के अंतर्गत मुख्य कार्यक्रम रेहटी थाना प्रांगण में आयोजित किया गया। यहाँ थाना प्रभारी राजेश कहारे की विशेष उपस्थिति में कंपनी प्रबंधन और पुलिस स्टाफ द्वारा संयुक्त रूप से पौधरोपण किया गया। इस दौरान थाना परिसर में औषधीय, फलदार और छायादार पौधे लगाए गए। थाना प्रभारी श्री कहारे ने कंपनी के इस प्रयास की सराहना करते हुए कहा कि पर्यावरण संतुलन को बनाए रखने के लिए आज के समय में वृक्षारोपण सबसे अनिवार्य आवश्यकता है।
कर्मचारियों और ग्रामीणों ने लिया पौधों की देखभाल का संकल्प
इस गरिमामय कार्यक्रम में यूफोरिया माइंस एंड मिनरल्स के उच्च अधिकारियों और कर्मचारियों ने अत्यंत उत्साह और ऊर्जा के साथ भाग लिया। कार्यक्रम की खास बात यह रही कि केवल पौधरोपण ही नहीं किया गया, बल्कि उपस्थित सभी जनों ने इन पौधों के बड़े होने तक उनकी उचित देखभाल, सिंचाई और सुरक्षा करने का सामूहिक संकल्प लिया।
जागरूकता शिविर के माध्यम से दिया पर्यावरण बचाने का संदेश
पौधरोपण के साथ-साथ कंपनी द्वारा उपस्थित स्थानीय नागरिकों और ग्रामीणों को पर्यावरण संरक्षण, जलवायु संतुलन तथा हरित वातावरण के महत्व के प्रति जागरूक किया गया। लोगों को समझाया गया कि किस तरह बढ़ते प्रदूषण और ग्लोबल वार्मिंग के दौर में वृक्ष हमारे जीवन रक्षक साबित हो सकते हैं।
प्रकृति संवर्धन के प्रति कंपनी की निरंतर प्रतिबद्धता
कंपनी के आधिकारिक प्रतिनिधियों ने इस अवसर पर अपनी बात रखते हुए कहा कि यूफोरिया माइंस एंड मिनरल्स प्राइवेट लिमिटेड केवल व्यावसायिक गतिविधियों तक सीमित नहीं है, बल्कि सामाजिक और पर्यावरणीय सरोकारों के प्रति भी पूरी तरह उत्तरदायी है। कंपनी द्वारा प्रतिवर्ष विश्व पर्यावरण दिवस पर इस तरह के विशेष अभियान चलाए जाते हैं। इस वर्ष भी हमारा मुख्य उद्देश्य क्षेत्र को हरा-भरा बनाना और आम जनता में प्रकृति के प्रति प्रेम और जागरूकता की भावना जागृत करना है। इस पूरे अभियान के दौरान बड़ी संख्या में स्थानीय प्रबुद्ध नागरिक, ग्रामीण और कंपनी का स्टाफ मौजूद रहा। जिन्होंने अंत में पर्यावरण संरक्षण की दिशा में निरंतर कार्य करने की प्रतिबद्धता जताई।

