अनोखा तीर, हरदा। विगत दिनों तेलंगाना राज्य की एक बुजुर्ग महिला भटकते भटकते हरदा पहुंच गई। हरदा की सार्थक सेवा समिति के प्रयासों से बुजुर्ग महिला के परिवार का पता लगाकर उनके सुपुर्द किया। सार्थक सेवा समिति के सदस्य बलराम काले ने बताया कि विगत दिनों एक बुजुर्ग विक्षिप्त महिला हरदा में लोगों को पत्थर मारते हुए दिखाई दी, जिसे उन्होंने वृद्धा आश्रम में छुड़वाया। लेकिन महिला की दिमाकी हालत ठीक न होने कारण वह वृद्धाआश्रम छोड़कर चली गई। लेकिन सार्थक सेवा समिति के सदस्यों ने उसके ऊपर निगाह रखी। इसके बाद सार्थक सेवा समिति के सदस्य युवक दीपक द्वारा सोशल मिडिया व फोन कॉल के जरिये महिला के परिवार वालों से संपर्क किया। लेकिन उन्हें हिंदी भाषा नहीं आने के कारण उनके ही गांव के एक युवक शिवाप्रसाद जो मुंबई मे रहता है उससे संपर्क कर करने हरदा बुलवाया गया। सोमवार को महिला का बेटा श्रीनिवास गांव के शिवाप्रसाद के साथ हरदा पहुंचा। उन्होंने बताया कि श्रीनिवास की मां लक्ष्मी बाई पूसाला उम्र 70 वर्ष निवासी ग्राम कोडीम्याल, जिला जगित्याल, राज्य तेलंगना जो की 12 जुलाई को घर से बिना बताये कही चली गई थीअनोखा तीर, हरदा। काफ़ी ढूंढने के बाद भी नहीं मिली तो पास के थाने में गुमसुदगी की रिपोर्ट दर्ज करवाई।उसके बाद हरदा से सखी संस्था से बात हुई और महिला के गांव का पता चला। जिसके बाद महिला के बेटे श्रीनिवास ने गांव के युवक शिवाप्रसाद भाषा ट्रांसलेटर के साथ हरदा पहुंचा और अपनी मां से मिला। इधर सार्थक सेवा समिति के सदस्यों ने बुजुर्ग महिला को शाल श्रीफल व साड़ी देकर विदा किया और बुजुर्ग महिला के बेटे से उनका अच्छे से ध्यान रखने को कहा। बुजुर्ग महिला को अपने परिवार से मिलवाने मे सार्थक सेवा समिति के सदस्य बलराम काले, दीपक काजले, मयंक काले, सुरेन्द्र तोमर, अंकित विश्वकर्मा का विशेष सहयोग रहा।

