अनोखा तीर, हरदा। जिले के ग्रामीण अंचलों में बुनियादी सुविधाओं का विस्तार तथा बेहतर कनेक्टिविटी की दिशा में तैयार रोडमेप अब धरातल पर मूर्तरूप लेने जा रहा है। करोड़ों रूपये के विकास कार्य अंतर्गत जिले के अलग-अलग ब्लाक में 69 करोड़ रूपए की लागत से आधा दर्जन निर्माण कार्यो के टेंडर जारी किए गए हैं। इनमें सबसे प्रमुख खिरकिया शहर में प्रस्तावित रेलवे ओवरब्रिज तथा बिछौला और खरदाना के बीच अजनाल नदी पर पहुंच मार्ग समेत जलमग्नीय पुल के लिए टेंडर लगे हैं। इसके अलावा हरदा, टिमरनी और हंडिया तहसील क्षेत्र के ग्रामीण अंचल में आवागमन की सुगम व्यवस्था के लिहाज से वहां की प्रमुख नदियों पर पहुंच मार्ग सहित जलमग्नीय पुल के निर्माण कार्य का टेंडर आमंत्रित किए हैं। यहां बताना होगा कि प्रस्तावित सभी निर्माण कार्य जिले के विभिन्न क्षेत्रों में बेहद आवश्यक थे। इन निर्माण कार्यो के अभाव में जहां आवागमन व्यवस्था बुरा असर पड़ता है, वहीं ग्रामीण क्षेत्र की नदियां बारिश के दिनों में उफान पर होने के कारण गांवों का शहर से संपर्क टूट जाता था। लेकिन, अब ग्रामीण क्षेत्र की नदियों पर सुविधाजनक पहुंच मार्ग समेत ऊंचे-ऊंचे पुल का रास्ता साफ है। अगर निर्माण एजेंसियां उपरोक्त कार्यो में रूचि लेती हैं तो क्षेत्रवासियों को जल्द ही सुविधाओं का लाभ मिलना तय है।
एक छोड़ पांच कार्यो का दूसरी बार
प्राप्त जानकारी के अनुसार मुख्य अभियंता लोनिवि सेतु निर्माण परिक्षेत्र द्वारा जारी कुल 12 कार्यो की निविदा में हरदा जिले के 6 निर्माण कार्य शामिल हैं। जिसमें एक निर्माण कार्य बिछौला से खरदाना के बीच पहुंच मार्ग समेत जलमग्नीय पुल के लिए पहली बार टेंडर लगा है। जबकि पांच अन्य निर्माण कार्यो के लिए दूसरी बार टेंडर जारी हुआ है।
...तो बेहतर कनेक्टिविटी तय
गौरतलब है कि जिले के खिरकिया नगर में रेलवे ओवर ब्रिज के अलावा पांच अलग-अलग ग्रामीण क्षेत्रों में वहां की नदियों पर जलमग्नीय पुल बनना हैं। इसी में पुल के दोनों तरफ व्यवस्थित पहुंच मार्ग भी शामिल हैं। ग्रामीणों के मुताबिक इनके मूर्तरूप लेने के बाद आवागमन सुगम होगा, वहीं गांव व शहर के बीच बेहतर कनेक्टिविटी तय है।
रंग लाए पूर्व मंत्री के सक्रिय प्रयास
उल्लेखनीय है कि हरदा-खिरकिया विधानसभा क्षेत्र के पूर्व विधायक एवं पूर्व कृषि मंत्री कमल पटेल ने अपने क्षेत्रीय भ्रमण दौरान ग्रामीणों से इन समस्याओं के बारे में सुना। साथ ही नवनिर्माण के अभाव में क्षेत्रवासियों की परेशानी रूबरू भी हुए। तभी से श्री पटेल उन कार्यो को लेकर प्रयासरत दिखे। वहीं प्रदेश सरकार के विभिन्न निर्माण कार्यक्रमों के अंतर्गत जिले की महती जरूरतों को पूरा करने की दिशा में सिलसिलेवार बैठकें की, जो उनके कार्यकाल के अंतिम समय तक जारी रही। ज्ञात हो कि इन तमाम निर्माण कार्यो के प्रस्ताव से लेकर अन्य प्रक्रियाओं के मध्य श्री पटेल ने लोक निर्माण विभाग के अफसरों के साथ लगातार समीक्षाएं की, वहीं आवश्यक निर्देश भी प्रदान करते रहे।
इन कार्यो के लगे टेंडर ….
1 – कार्य का नाम
खिरकिया में रेलवे ओवर ब्रिज
लागत – ३० करोड 72 लाख ९७ हजार
2 – कार्य का नाम
बिछौला-खरदाना मार्ग पर जलमग्नीय पुल
लागत – १२ करोड़ 67 लाख 52 हजार
3 – कार्य का नाम
आदमपुर-सुरजना मार्ग पर जलमग्नीय पुल
लागत – 6 करोड़ 82 लाख ९६ हजार
4 – कार्य का नाम
रीछी-धौलपुर मार्ग पर जलमग्नीय पुल
लागत – 6 करोड़ 40 लाख 22 हजार
5 – कार्य का नाम
झुगरिया-मनोहरपुरा मार्ग पर जलमग्नीय पुल
लागत – 5 करोड़ 82 लाख 86 हजार
6 – कार्य का नाम
नीमगांव-झाड़पा मार्ग पर जलमग्नीय पुल
लागत – 5 करोड़ 82 लाख 31 हजार

