भोपाल में हमीदिया अस्पताल से सेंट्रल जेल का एक कैदी फरार हो गया। रजत सैनी नाम का ये कैदी हत्या के अपराध में फांसी और आजीवन कारावास की सजा काट रहा था। सेंट्रल जेल तबियत खराब होने के बाद उसे हमीदिया अस्पताल में इलाज के लिए लाया गया था। यहां मौका पाकर वो हथकड़ी खोलकर फरार हो गया। अब पुलिस उसकी तलाश में जुट गई है।
गुना जिले के राधौगढ़ का रहने वाला रजत सैनी पर खजूरी थाने हत्या का मामला दर्ज हुआ था। उसकी अपराधों की कहानी किसी क्राइम फिल्म से कम नहीं। भोपाल में उसे नकली नोट बेचने का दोषी पाया गया और इस मामले में 7 साल की सजा हुई। इसके बाद गुना जिले के राधौगढ़ में नाबालिग बच्चे के अपहरण के मामले में उसे आजीवन कारावास की सजा हुई थी। वह ग्वालियर जेल मे बंद था और केंद्रीय जेल ग्वालियर से पेरोल पर बाहर आया था। उसे वापस पहुंचना था, लेकिन वो पेरोल से वापस ही नहीं लौटा और फरार हो गया।
हथकड़ी खोलकर फरार हुआ
फरार रहने के दौरान उसने अपने आप को बचाने के लिए एक हत्या की। उसका इरादा खुद को मरा हुआ साबित करने का था, जिसके बाद वो हमेशा के लिए आजाद हो जाता। खुद को मरा हुआ साबित करने के लिए उसने बीएससी के छात्र अमन दांगी की बैट और हथौड़े से पीटकर हत्या कर दी और इसके बाद पेट्रोल डालकर उसकी लाश को जला दिया, ताकि उसकी शिनाख्त न हो सके। लेकिन जांच के दौरान सच सामने आ गया। इस मामले में सबूतों और गवाहों को मद्देनजर रखते हुए मई 2023 मे सप्तम जिला एवं अपर सत्र न्यायाधीश डॉ. धर्मेंद्र टाडा की कोर्ट ने आरोपी को फांसी के साथ 2 अन्य मामले में उम्र कैद की सजा सुनाई थी। अब रजत सैनी एक बार फिर पुलिस की कैद से भाग निकला है और पुलिस उसकी तलाश में जुट गई है।

