खंडवा- प्राचीन महादेव गढ़ मंदिर श्रावण एवं अधिक माह पुरुषोत्तम माह के पावन शुभ अवसर पर चल रहे 59 दिवसीय शिव पार्थेश्वर पूजन के अंतर्गत पंडित अश्विन खेड़े ने मात्र शक्तियों को भगवान की कथा सुनाते हुए कहा कि भगवान राम के द्वारा भी शिव भगवान पार्थेश्वर का पूजन किया गया था और उसके बाद ही लंका में चढ़ाई की गई थी। शिव पार्थेश्वर पूजन करने से मनुष्य के समस्त मनोरथ भगवान शिव पूर्ण करते हैं। उन्होंने शिव पार्थेश्वर पूजन की महिमा का वर्णन किया। प्रतिदिन भजन गायक सतीश बाथम के द्वारा सुंदर शिव भजनों की प्रस्तुतियोंं के बीच मातृशक्ति के द्वारा नृत्य किया जा रहा है।
महादेवगढ़ संरक्षक अशोक पालीवाल ने बताया कि अधिक मास के पावन शुभ अवसर पर महादेवगढ़ मातृशक्ति की कावड़ यात्रा इस वर्ष शहर के प्राचीन सूरजकुंड शिव मंदिर से प्रारंभ होकर शहर के विभिन्न क्षेत्रों का भ्रमण करते हुए महादेवगढ़ मंदिर पर आएगी। इस कावड़ यात्रा का महादेवगढ़ मंदिर समिति के द्वारा आव्हान किया जा रहा है। मातृशक्ति की कावड़ यात्रा 14 अगस्त श्रावण सोमवार को दोपहर 11 बजे निकलेगी।
गणेश तलाई क्षेत्र की मातृशक्ति के द्वारा डेढ़ लाख भगवान शिव पार्थेश्वर का पूजन किया गया। वहीं सवा दो लाख से ऊपर ओमकार मंत्र का जाप पूर्ण हुआ। महादेवगढ़ मातृशक्ति शारदा शर्मा, सृष्टि दुबे, स्नेहा पाराशर, प्रिया लाड़, मनीषा सावनेर, शालू सोनी, मोनिका पवार, रितु चौहान, रश्मि गोर की उपस्थिति में सैकड़ों मातृशक्ति ने शिव पार्थेश्वर का निर्माण कर पूजन किया। रविवार को पड़ावा क्षेत्र की मातृशक्तियों के द्वारा शिव पार्थेश्वर पूजन किया जाएगा। इस अवसर पर अतुल अग्रवाल, मोनू गौर, लक्ष्मीनारायण सनाबा, आशुतोष सोनी, नीतेश राठौर, विशाल पासी सहित महादेवगढ़वासी उपस्थित थे।

