देवास- बिना सहकार, नहीं उद्धार’ यह नारा अक्सर राजनीतिक पार्टियों के नेताओं के मुंह से आपने कई बार सुना होगा। लेकिन सहकारिता की मूल भावना को जो लोग कार्यान्वित करते हैं, वे किस तरह की जिंदगी बिता रहे हैं, इसका किसी को अंदाज भी नहीं। यह बात मप्र सहकारी समिति कर्मचारी महासंघ के बेनर तले आयोजित हड़ताल के 12वें दिन जिलाध्यक्ष जवाल सिंह ठाकुर ने कहीं।
जिलाध्यक्ष श्री ठाकुर ने कहा कि सरकार की विभिन्न महत्वपूर्ण योजनाओं का क्रियान्वयन कर उनको धरातल पर पहुंचाने का काम हम ही लोग करते हैं। उसके बावजूद भी सरकार हमारा शोषण कर रही है। पूर्व में महासंघ व शासन के साथ हुए समझौते एवं मप्र शासन द्वारा निर्धारित कमेटी द्वारा जारी रिपोर्ट अनुसार वेतन मान का लाभ नही दिए जाने एवं अन्य मागों पर अब तक विचार नही किए जाने पर धरना स्थल पर सहकारी कर्मचारियों ने बुधवार को इस्तीफा फार्म भरा।
जिलेभर के कर्मचारी आज गुरूवार को दोपहर भोपाल के लिए रवाना होंगे। जहां 19 मई को मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान को सामुहिक इस्तीफा सौंपा जाएगा।

