अनोखा तीर, टिमरनी। शासकीय काष्ठागार टिमरनी के सभागार में प्रदेश व्यापी गिद्ध गणना वर्ष 2026 के द्वितीय चरण (समर काउंट) के लिए प्रशिक्षण कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला में मास्टर ट्रेनर मोहनदास नागवानी द्वारा वनमंडलाधिकारी हरदा सामान्य ज्योति मुडिया, उप वनमंडलाधिकारी दक्षिण हरदा सामान्य राकेश लहरी एवं वन परिक्षेत्र अधिकारी मगरधा, बोरपानी, मकड़ाई, टेमांगांव एवं हंडिया की उपस्थिति में समस्त परिक्षेत्रों के लगभग 120 कर्मचारियों को प्रशिक्षण दिया गया। मास्टर ट्रेनर मोहनदास नागवानी ने बताया कि गणना कार्य 22, 23 एवं 24 मई 2026 को कराया जाना प्रस्तावित है। यह कार्य मोबाइल एप्लीकेशन एमपी वल्चर सेंसस के माध्यम से किया जाएगा। साथ ही प्रपत्र में भौतिक रूप से भी जानकारी एकत्रित की जाएगी। उन्होंने मध्यप्रदेश में पाई जाने वाली विभिन्न गिद्ध प्रजातियों की पहचान एवं उनके आवास स्थलों के संबंध में विस्तृत जानकारी प्रदान की। वनमंडलाधिकारी हरदा सामान्य ज्योति मुडिया ने बताया कि गिद्ध पर्यावरण के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण हैं। वे प्राकृतिक सफाई कर्मी के रूप में कार्य करते हैं, लेकिन उनकी संख्या में लगातार कमी आने से प्रकृति में असंतुलन की स्थिति उत्पन्न हो रही है। इसलिए गणना कार्य को प्रभावी एवं व्यवस्थित ढंग से किया जाना आवश्यक है, ताकि गिद्धों की संख्या एवं उनके आवास का सही आकलन किया जा सके। उपवनमंडलाधिकारी दक्षिण हरदा सामान्य राकेश लहरी ने बताया कि इजिप्शियन वल्चर मध्यप्रदेश में अधिक संख्या में पाए जाते हैं, जो कचरा डंपिंग साइट एवं मृत पालतू पशुओं को फेंके जाने वाले स्थानों पर आसानी से देखे जा सक

