
*पंडित प्रमोद कुमार शुक्ला*
*आठनेर मुकेश सोनी*
आठनेर से महज 25 किलोमीटर दूर ग्राम गेहूं बारसा में शिव महापुराण कथा का आयोजन सभी गेहूं बारसाग्राम वासियों द्वारा आयोजित की गई है कथा के आज तीसरे दिन शिव महापुराण कथा में पंडित प्रमोद कुमार शुक्ला बोरी वाले के मुखारविंद से भगवान शिव की कथा में बताया कि भगवान शिव का जब सती जी से विवाह संपन्न हो रहा था तब उनकी लग्न पत्रिका में आदिवासी वनवासी भूत प्रेत सभी के समक्ष यह लग्न पत्रिका लिखी जा रही थी परंतु भगवान शंकर को छोड़कर किसी भी भगवान की लग्न पत्रिका में वनवासी आदिवासी भूत प्रेतों को साक्षी नहीं बनाया गया है चाहे भगवान राम हो या कृष्ण हो इनकी विवाह लग्न पत्रिका में राजा महाराजा ही साक्षी बने हैं परंतु सिर्फ और सिर्फ महादेव ही एक ऐसे भगवान हैं जो सबके हैं वही शिव है वे आदिवासियों के भी है वनवासियों के भी है वह सभी के हैं इसीलिए वह शिव है वह सभी को पूछते हैं और सभी उनको पूजते हैं यही कारण है कि भगवान शंकर को भोलेनाथ इसीलिए कहा जाता है वह भोले ही है आप कुछ भी उनसे मांगो हर वरदान वह तुरंत आपको दे देते हैं श्री शुक्ला जी ने बताया कि आप शिव को सच्चे मन से पुकारो शिव आपके पास हमेशा आपकी हर दुख समस्या को सुनते भी हैं और हल भी करते हैं परंतु आपका भाव सच्चा और नेक होना चाहिए





