गर्मी से मिलेगी राहत, जल्दी होगी झमाझम
दैनिक अनोखा तीर, हरदा। आम जनता और किसानों के लिए राहत भरी खबर है कि नवतपा शुरू होने से पहले ही मानसून का अलर्ट जारी हो गया। भारत सरकार के मौसम विभाग ने इसकी अधिकृत सूचना भी जारी कर दी है। मौसम विभाग ने दक्षिण पश्चिम मानसून के केरल में दस्तक देने की सूचना के साथ ही इस बार मानसून के आगमन का अलर्ट जारी किया है। आज जारी सूचना अनुसार दक्षिण पश्चिम मानसून पिछले 16 वर्षों में पहली बार अपने निर्धारित समय से पहले केरल पहुंच गया है। विभागीय अधिकारियों के अनुसार मानसून पिछले चार दिनों से लगभग 40 -50 किमी दूर अटका हुआ था जो बीते शुक्रवार रात को आगे बढ़ाते हुए तमिलनाडु और कर्नाटक में प्रवेश कर रहा है। आगामी एक सप्ताह में देश के दक्षिणी और पूर्वोत्तर भारत के अधिकांश हिस्सों में मानसून फैल जाएगा। पिछले वर्षों पर अगर नजर डाली जाए तो वर्ष 2009 और 2001 के बाद अपने निर्धारित समय से पहले मानसून केरल होते हुए देश के अधिकांश हिस्सों में पंहुच रहा है। इससे पहले 1918 में सबसे पहले 11 मई को मानसून केरल आया था। वहीं 1972 में सबसे देरी से 18 जून को आने का रिकॉर्ड भी दर्ज है। अगर बीते 25 वर्षों पर नजर डाली जाए तो 2016 में सबसे लेट 9 जून को मानसून के केरल आने का भी उल्लेख मिलता है। खैर वर्तमान में यह राहत भरी खबर है कि इस बार मानसून अपने निर्धारित समय से 8 दिन पहले केरल पहुंच गया। विभागीय अधिकारियों के अनुसार इस बार मध्यप्रदेश में भी जहां नौतपा के चलते बारिश होने की संभावना है तो वही मानसून की झमाझम भी 10 जून से शुरू हो जाएगी। वैसे तो मध्यप्रदेश में पिछले एक माह से ही जहां कुछ हिस्सों में भीषण गर्मी तो कहीं अचानक बारिश हो रही है। कब धूप निकलते बादल छाकर बारिश शुरू हो जाती है और कब धूप निकलने लगती है, पता ही नहीं चलता। लेकिन यह सब मौसम चक्र बिगड़ने का परिणाम है। वैसे सामान्य तौर पर मानसून 15 जून तक पहुंचता है लेकिन इस बार 10 जून से ही मानसूनी बारिश शुरू होने की संभावना जताई जा रही है।





