इंद्रदेवता ने जन आक्रोश यात्रा को किया ठंडा, आमसभा बनी नुक्कड़ सभा

WhatsApp Image 2025-09-19 at 11.24.35 PM

विकास पवार, बड़वाह – शहर में कांग्रेस की जन आक्रोश यात्रा का मंगलवार करीब 7 बजे आगमन हुआ। इसके पहले यूथ कांग्रेस के जाबाज कार्यकर्ताओ ने महेश्वर रोड स्थित नर्मदा वैली स्कूल से वाहन रैली के साथ युवा कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष विक्रांत भूरिया एवम पूर्व कृषि मंत्री सचिन यादव को लेकर बड़वाह स्थित कृषि मंडी पहुंचे। जहा से शहर के कांग्रेस नेता और कार्यकर्ताओ ने जन आक्रोश यात्रा प्रारंभ की। लेकिन कांग्रेस की जन आक्रोश यात्रा उस समय ठंडी हो गई। जब यात्रा के शुरू होते ही इंद्र देवता ने शहर में झमाझम बारिश कर दी। हालाकी कुछ देर बाद जब बारिश कम हुई। तो यात्रा में चुनीदा कांग्रेस नेता और कार्यकर्ता यात्रा रथ में सवार पूर्व कृषि मंत्री सचिन यादव, महेश्वर विधायक विजय लक्ष्मी साधो और युवा कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष विक्रांत भूरिया को लेकर जय स्तंभ चौराहे पहुंचे। जहा मौजूद एसडीएम प्रदीप कुमार सोनी को अपनी मांग लिखा ज्ञापन सौंपा। बतादे इस जन यात्रा के शहर में आने के पहले तक कई कांग्रेस कार्यकर्ता चक्का जाम करने की बात कह रहे थे। लेकिन कांग्रेस नेता और कार्यकर्ताओ ने एसडीएम श्री सोनी के समक्ष अपनी मांगे बताने के दौरान मांग आठ दिन में पूरी नही होने पर चक्का जाम करने की बात कही डाली। हालाकी जिस तरह कांग्रेस ने अपनी जन आक्रोश यात्रा के स्वागत के लिए तैयारी की थी। वह बारिश के कारण फीकी पड़ गई। इस जन आक्रोश यात्रा का मुख्य उद्देश्य जय स्तंभ चौराहे पर कुछ मिनटों में सिमट गया।

कांग्रेस की आम सभा बनी नुक्कड़ सभा ——

जन आक्रोश यात्रा का मुख्य उद्देश्य बाढ़ पीड़ित लोगों और भारी बारिश से तबाह हुई किसानो की फसल का मुआवजा दिलाना था। जिसको लेकर विधायक साधो और पूर्व कृषि मंत्री यादव ने एसडीएम सोनी को एक ज्ञापन देकर चर्चा की। उन्होंने अपनी मुख्य मांग में समय अनुसार किसानों की फसल और बाढ़ प्रभावित लोगो के मकानों का सर्वे करवाकर मुआवजा देने की बात कही। जिसके बाद यह यात्रा शहर के जय स्तंभ चौराहे से मुख्य चौराहे होकर बस स्टेशन कार्यक्रम स्थल पहुंची। जहा कांग्रेस की आम सभा की तैयारी को लेकर मंच लगाया गया था। उल्लेखनीय है की कांग्रेस की आम सभा उस समय नुक्कड़ सभा में तब्दील हो गई। जब मंच पर पानी और सभा में आने वाले लोग भोजन में व्यस्त नजर आए। जिसके चलते जन आक्रोश यात्रा के प्रदेश प्रभारी कांतिलाल भूरिया, विधायक साधो, पूर्व कृषि मंत्री यादव, कांग्रेस जिला अध्यक्ष रवि नायक सहित अन्य नेताओ ने मंच पर जाना उचित नहीं समझा और मंच के नीचे ही खड़े होकर भाजपा के प्रति आक्रोश व्यक्त किया। इस कारण कांग्रेस की आम सभा नुक्कड़ सभा में बदली दिखी।

बैनर पोस्टर से सजा दिया यात्रा मार्ग —–

शहर में आने वाली जन आक्रोश यात्रा की तैयारियों को लेकर यात्रा मार्ग पर हर तरफ बढ़े छोटे फैक्स और पोस्टर लगाए गए। इन बैनर पोस्टर में उन नेता और कार्यकर्ता के अधिक चेहरे नजर आए। जो आगामी विधानसभा चुनाव में अपनी दावेदारी प्रस्तुत कर रहे है। जिसमे सर्वाधिक बैनर बड़वाह से निलेश रोकड़िया, त्रिलोक राठौर और सनावद के नपा अध्यक्ष प्रतिनिधि और कांग्रेस युवा नेता इंदर बिरला के नजर आए। हालाकी शहर में लगने वाले वह बैनर और फ्लेक्स शहर में चर्चा का विषय बने रहे। जिनमे गुर्जर समाज से वर्तमान में विधायक की दावेदारी करने वाले सनावद के नरेंद्र पटेल के फोटो गायब दिखे। उल्लेखनीय है की भाजपा से पुनःकांग्रेस में शामिल हुए मोहन मलगाया को उपस्थित नेताओ ने कांग्रेस का गमछा पहनाकर एक बार फिर कांग्रेस में शामिल किया।

भाजपा की दूसरी लिस्ट से दिख रहा उनका डर —–

जन आक्रोश यात्रा के दौरान कांतिलाल भूरिया ने मिडिया के समक्ष कहा की 18 साल की भाजपा की कुसाशन सरकार ने अपने 18 साल के कार्यकाल में कुछ नहीं किया। भाजपा ने नहीं किसानों का कर्ज माफ किया और नहीं युवाओं को रोजगार दिया। सिर्फ भाजपा ने भ्रष्टाचार को ही बढ़ावा दिया। जिससे युवा और किसानो में काफी आक्रोश है। कांग्रेस ने इस आक्रोश को देखते हुए अपनी जन आक्रोश यात्रा गांव-गांव निकालना प्रारंभ किया है। जो 19 सितंबर से शुरू हुई और आज बड़वाह पहुंची है। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार में तेल महंगा, पेट्रोल महंगा, बिजली महंगी हर चीज हर तरफ महंगी इस कारण अब भारतीय जनता पार्टी को उखाड़ फेंकना है। यह जन आक्रोश गांव-गांव में किसानो और युवाओं में फैला है और यही आक्रोश आगामी चुनाव में भाजपा को उखाड़ फेंकेगा। उन्होंने भाजपा की दूसरी लिस्ट जारी होने की बात पर कहा की भाजपा पूरी तरह से डरी हुई है उन्होंने अपने पूर्व सांसद और भ्रष्टाचारियों को टिकट दिया है। जबकि आज भी कई नवयुवा अपनी बारी का इंतजार कर रहे थे। अब वही नौजवान भाजपा को मुंह तोड़ जवाब देकर कांग्रेस को जिताएंगे। जबकि महेश्वर विधायक साधो ने कहा कि ओंकारेश्वर से जो पानी छोड़ गया वह प्राकृतिक आपदा नहीं वह आबदा लाई गई थी। ओंकारेश्वर में शिवराज मामा का कार्यक्रम होना था। जिसके लिए शिवराज मामा और उनके अधिकारियों को वहा जाना था। यदि पानी समय से पहले छोड़ते तो उनका वहां जाना कैंसल हो जाता। उन्होंने कहा कि मेरे पास भी एनवीडीए विभाग रहा है और बांध से पानी छोड़ने का एक नियम है कि कभी भी पानी छोड़ने के पूर्व सभी नर्मदा तटीय के गांव वालों को प्रशासन के नुमाइदे द्वारा मुनादी के माध्यम से सूचना देना होता है। ताकि हर नर्मदा तटीय रहवासी अपने बच्चे, अपना सामान, अपने मकान को सुरक्षित कर सकें। अभी दस दिनो से में गांव गांव घूम रही हु। जहा लोगो ने बताया की गांव में ऐसा कोई ऐलान प्रशासन की तरफ से हुआ ही नहीं है। उन्होंने हाल ही में भाजपा की दूसरी लिस्ट जारी होने की बात पर कहा कि सरकार ने अपने सारे मोहरे मैदान में उतार दिए हैं। अब भाजपा सरकार शिवराज जी के चेहरे को लेकर चुनाव में आना चाहती है या नही यह तो वही जाने। आज मोदी जी ने अपने सभी मिनिस्टरों को मैदान में उतार दिया है और मोदी जी और अमित शाह काफी डरे हुए हैं इस लिस्ट से इस बात का पता चलता है।

Views Today: 2

Total Views: 104

Leave a Reply

error: Content is protected !!