-हिंदू जनजागृति समिति ने मुख्यमंत्री के नाम सौंपा ज्ञापन
अनोखा तीर, इंदौर। बहुराष्ट्रीय कंपनियों के भीतर हिंदू महिला कर्मचारियों को निशाना बनाने वाली मानसिकता और संगठित कॉर्पोरेट जिहाद के खिलाफ आज हिंदू जनजागृति समिति ने इंदौर प्रशासन के माध्यम से मुख्यमंत्री और राष्ट्रीय महिला आयोग को ज्ञापन सौंपा। महाराष्ट्र के नासिक में सामने आई दिल दहला देने वाली घटनाओं का हवाला देते हुए समिति ने कहा कि कॉर्पोरेट जगत में हिंदू महिलाओं का शोषण, उन्हें जबरन नमाज पढ़ने और गोमांस खाने के लिए मजबूर करना एक बड़े धार्मिक आतंक का हिस्सा है, जिसे अब सहन नहीं किया जाएगा। समिति ने इंदौर के एसडीएम अजय शंकर शुक्ला के माध्यम से मांग की है कि इंदौर और पूरे मध्यप्रदेश में चल रही मल्टीनेशनल कंपनियों में भी इस तरह की घटनाओं की तुरंत जांच की जाए। साथ ही सरकार से मांग की गई है कि कंपनियों में धार्मिक भेदभाव विरोधी ऑडिट शुरू हो और महिलाओं की मदद के लिए विशेष हेल्पलाइन बनाई जाए, ताकि पीड़ित महिलाएं बिना किसी डर के अपनी शिकायत दर्ज करा सकें। समिति ने कड़े शब्दों में कहा कि कॉर्पोरेट के नाम पर हिंदू महिलाओं का शोषण और धर्मांतरण का खेल अब बंद होना चाहिए। इस अवसर पर हिन्दू जनजागृति समिति के श्रीराम काणे, बेनी सिंह रघुवंशी, पंकज बजाज, संजय नबेरिया, गोपाल गंगराडे, सुशील शर्मा, विजय सचदेव, हिन्दू युवा संगठन के निर्मल पाटीदार, हिंदू महासभा के अर्जुन पंवार, शिवम माली, अवध साहू और सनातन संस्था की श्रीमती पुष्पा सावंत प्रमुख रूप से उपस्थित थे।

