मानसून नजदीक आते ही खरीफ फसल की बुआई की तैयारियों ने जोर पकड़ लिया है। इन सबके बीच सोयाबीन के सर्वाधिक मांग वाले बीज के भाव में लगातार बढ़ोत्तरी देखी जा रही है। जिसके चलते किसानों को बेहतर बीज की तलाश तथा उसकी बुकिंग व खरीददारी को लेकर सक्रियता भी जरूरी है। क्योंकि, बुआई की सोयाबीन का भाव दिनों दिन 100 रूपयें से लेकर 5 सौ रूपयें तक बढ़ रहा है। इस संबंध में किसानों की मानें तो सोयाबीन की जो किस्में 8 हजार से लेकर साढ़े 9 हजार रूपयें तक मिल रही हैं, वही किस्में 10 हजार रूपये क्विंटल पार होने के आसार बने हुए हैं।
अनोखा तीर, हरदा। ग्रीष्मकालीन मूंग की फसल का उत्पादन कार्य अंतिम चरण में चल रहा है। किसानों की मानें तो कुल रकबे में से महज एक चौथाई रकबा कटाई के लिये खड़ा है। शेष रकबे में कटाई पूर्ण होने के साथ-साथ आगामी खरीफ सीजन के लिये जोर-शोर से तैयारियां चल रही हैं। जिसमें खेत तैयार करने के अलावा सोयाबीन की उन्नत किस्मों के बीज की तलाश शीर्ष पर है। इसकी मुख्य कारण यह कि महंगे बीज की बुआई से लेकर उसके रखरखाव तथा फसल की सेहत का ख्याल रखने में किसानों को लाग-लागत तो तय है। लेकिन , तमाम जतन के बावजूद अगर किसानों को बेहतर उत्पादन हासिल ना हो तो स्वयं को पिछड़ता हुआ महसूस करना लाजमी है। इन सब बातों को ध्यान में रखते हुए किसान इस बार बीज चयन के मामले में सोच-समझकर फैसला कर रहे हैं। जिससे स्पष्ट होता है कि खरीफ सीजन में किसानों का रूझान केवल उन्नत किस्म के बीजों की तरफ है।
इनकी सर्वाधिक डिमांड
जेएस 2117,जेएस 2098,जेएस 2029,आरवीएस २०१८,आरवीएस 1135,पीएस १५६९,पीएस 1516, आरवीएसएम ११३५, ब्लैक बोल्ड एवं ज्वाला 13 एवं 07 की सबसे ज्यादा डिमांड है।
अन्य जिलों की तरफ रुख
बता दें कि बेहतर उत्पादन देने वाली उन्नत किस्म के बीज की तलाश में किसान जुटे हुए हैं। इसके लिये हरदा के अलावा पड़ोसी जिला देवास, उज्जैन और आष्टा तक जाकर बिजाई लेकर आ रहे हैं।
दिनों दिन बढ़ रहे बीज के दाम
प्राप्त जानकारी के अनुसार जून माह प्रारंभ होते ही किसानों की सक्रियता साफ दिखाई दे रही है। इन सबके बीच जैसे-जैसे बुआई का समय नजदीक आ रहा है, वैसे-वैसे उन्नत किस्म के बीजों का भाव दिनों दिन बढ़ रहा है। सोयाबीन के भाव में 100-200 रूपयें से लेकर 5 सौ रूपयें तक का उछाल आया है। किसान हेमंत कुमार ने बताया कि जो बीज दो दिन पहले तक 9 हजार रूपए में बिक रहा था, वही अब साढ़े 9 हजार रूपयें हो गया है। भाव में कुछ इसी तरह का उछाल सोयाबीन की अन्य किस्मों के बीज पर भी दिखा। जिनकी सबसे ज्यादा डिमांड है। हालांकि पुराने या यूं कहें कि सालों से जो किस्म मार्केट में उपलब्ध है, उन किस्मों का भाव का जस का तस बना हुआ है। इनमें ९५६० और ९३०५ जैसी सोयाबीन की कम दिनों की फसल शामिल हैं।

