चंद लोगों के लालच ने तबाह की दूसरों की भी जिदंगी, सड़क पर उतरे लोग, बोले….
धमाके का पांचवां दिन ! शहर के आबादी क्षेत्र बैरागढ़ में जहां अनेक परिवार दुख के भंवर में डूबे हैं तो कई परिवार प्रशासन की कार्यप्रणाली तथा लालची लोगों को कोस रहे हैं। यह वे लोग हैं, जिनका बदकिस्मती से पटाका फेक्ट्री के नजदीक घर बना हुआ था, जो बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो जाने की वजह से रहने लायक नही बचा है। जिसके चलते पीड़ित परिवारों के लोग अस्थायी आश्रय स्थल समेत नातेदार-रिश्तेदार के यहां रहगुजर कर रहे हैं। हादसे के कारण उनकी बसी बसाई दुनिया बेपटरी हो चुकी है। इससे आहत स्थानीय लोगों ने शनिवार को मगरधा रोड पर चक्काजाम कर मुख्य आरोपी राजेश अग्रवाल की बाजार स्थित दुकान और मकान को बुलडोजर से ध्वस्त करने की मांग की है।
हादसे में बेघर परिवार
अनोखा तीर, हरदा। जिला मुख्यालय पर मगरधा रोड स्थित बैरागढ़ में बारूद के सिलसिलेवार धमाकों ने पूरे शहर को दहला दिया। वहीं हादसे में जान गंवाने वाले लोगों का घर-परिवार दुख के भंवर में डूबा हुआ है। जबकि इलाके के अन्य रहवासियों की भी बसी बसाई दुनिया बेपटरी हो गई है। ऐसे हालातों में भविष्य की चिंता उन्हें रह-रहकर सता रही है। हादसे के पांचवें दिन यानि शनिवार को स्थानीय रहवासियों ने फैक्ट्री संचालक राजेश अग्रवाल समेत उसके सहयोगियों के विरूद्ध कड़ी कार्रवाई की मांग को लेकर मगरधा रोड पर चक्काजाम कर दिया। करीब पौन घंटे चक्काजाम के कारण सड़क के दोनों तरफ वाहनों के पहिये थम रहे। जिसके चलते इलाके में कुछ देर तक अफरा-तफरी का माहौल रहा। उधर, गुस्साएं लोग अपनी मांगों पर अड़े नजर आए। इस बीच मौके पर पहुंचे एसडीएम केसी परते और एएसपी राजेश्वरी महोबिया ने नाराज लोगों से चर्चा कर उन्हें शांत कराया। वहीं कार्रवाई का भरोसा दिलाया है। तब कहीं जाकर बैरागढ़वासियों ने चक्काजाम खत्म किया। इससे पहले स्थानीय रहवासियों ने अधिकारियों को अपनी मांगों से अवगत कराते हुए कहा कि हादसा स्थल पर पड़े बारूदी मलबे को अविलंब हटाया जाएं। क्योंकि, हवा के साथ उसकी दुर्गंध दूर-दूर तक महसूस की जा सकती है। इसके अलावा सड़क समेत इलाके में जगह-जगह बिखरे पड़े पत्थर एवं मलबे को एकत्रित कराया जाए। वहीं बच्चों की परीक्षा को दृष्टिगत रखकर इलाके की स्ट्रीट लाइट चालू कराई जाएं।
मकान एवं दुकान ध्वस्त करें
गुस्साएं लोगों ने राजेश अग्रवाल की बाजार स्थित दुकान और मकान को बुलडोजर से ध्वस्त करने की भी मांग की, ताकि भविष्य में इस तरह के हादसों की पुर्नवृत्ति ना हो।
आरोपी की संपत्ति भी कुर्क करें
उन्होंनें यहां तक कहा कि हादसे के मुख्य आरोपी राजेश अग्रवाल की संपत्तियां कुर्क करने की कार्रवाई की जाए , जो कि अवैध कारोबार के बूते जगह-जगह खड़ी की हैं।
फेक्ट्री के नजदीक रहने वाले मांगीलाल सैनी, अमरदास, देवीसिंह सोनेर ने बताया कि धमाके में उनके मकान ध्वस्त हो गए हैं, वहीं गृहस्थी का सामान भी बर्बादी की भेंट चढ़ गया है। स्थिति यह है कि पूरी जिंदगी सड़क पर आ गई है। एक-एक रूपया जोड़कर छोटी सी दुनिया संवारी थी, जो अब खंडहर में तब्दील हो गई है। उन्होंनें यह भी कहा कि बैरागढ़ में इतने बड़े पैमाने पर पटाकों का निर्माण लंबे समय से चिंता का विषय था। परंतु चार पैसे के लालच में कई लोगों ने सुरक्षा का दांव पर लगा दिया। जबकि कई दफा हादसे हो चुके हैं। लेकिन लालच की चकाचौंध में उनके साथ साथ जिम्मेदार लोगों ने भी इस जानलेवा कामकाज को नजरअंदाज कर रखा था, जो अंत में ओर कई लोगों की जान लील गया।

