अनोखा तीर, खंडवा। सिविल लाइन भी चोर व डकैतों के निशाने पर है। जिले के पहले अधिकारी कलेक्टर व जिला न्यायाधीश के घर भी सुरक्षित नहीं हैं। वहां रोज तीन बार गार्डों की ड्यूटी बदलती है। जिला जज के निवास के बगीचे पर दबंगता से डकैतों ने धावा बोल दिया। सुरक्षा में तैनात कर्मचारी निक्की पिता सुरेश यादव पर फरसे व चाकू तान दिए। करीब पांच डकैतों ने जिला जज की बाउंड्री में घुसकर बड़ा चंदन का पेड़ काट लिया। वहीं पर डालियां छांट दीं। पांच फीट लंबा और 12 इंच मोटी लकड़ी बनाकर ले भागे। वन अमले ने इसकी कीमत २५ हजार रुपए आंकी है। घटना 25 अप्रैल की रात सवा दो बजे की है। पुलिस ने 283/23 457, 380 भादवि व धारा 395 में मामला दर्ज किया गया है। इस घटनाक्रम को जरा सी कीमत से नहीं आंका जाना चाहिए। डीजे जिले के सबसे सेंसेटिव व सुरक्षादार अफसर होते हैं। सरकार व पुलिस की जिम्मेदारी होती है, कि उनकी सुरक्षा करें। यहां तो उनके ही घर पर डकैतों का धावा गंभीरतम मामला हो सकता है। पुलिसिंग व्यवस्था में इस तरह की बड़ी चूक की जांच होनी चाहिए। इससे पहले भी लगभग दस साल पहले अफसरों के बंगलों, मधुबन होटल व अन्य जगह से चंदन के पेड़ दबंगता से काट ले गए। इस बार तो हद पार ही कर दी। सवाल यह भी उठता है कि डीजे जैसे अफसर का घर भी सीसीटीवी कैमरे की जद में नहीं था क्या? चंदन के पेड़ के लिए इस तरह के गंभीर अपराध करने वाले बाहरी ही हो सकते हैं। ये पकड़ाएं तो बड़ी गैंग का खुलासा हो सकता है। डीजे के घर चंदन का पेड़ है, इसकी जानकारी स्थानीय व्यक्ति ने ही दी होगी। कई अन्य तरह के मामलों व साइबर नेटवर्किंग से भी पुलिस जांच कर रही है। डीजे के घर के बाजू में ही कलेक्टर का भी घर है। डीजे का घर करीब 4 व कलेक्टर के घर का दायरा 9 एकड़ में है। कर्नाटक में लाल चंदन के तत्कालीन तस्कर वीरप्पन ने भी इतनी बड़ी हिम्मत नहीं दिखाई होगी, जिस पर फिल्म बन चुकी है।

