खण्डवा। शहर के किशोर नगर निवासी अरुण साध व उनकी धर्मपत्नी रेणुका साध ने देहदान का घोषणा पत्र भरा। समिति के संयोजक नारायण बाहेती ने बताया कि पुत्री रिचा व रीतू साध की सहमति से साध दम्पत्ति ने एक दूसरे के घोषणा पत्र पर हस्ताक्षर कर पूर्व में देहदान की घोषणा कर चुके साडू भाई राजेन्द्र उपाध्याय की प्रेरणा से लायन्स, नेत्रदान, देहदान व अंगदान जनजागृति समिति के सदस्यों को देहदान घोषणा पत्र भरकर सौंपा। घोषणा पत्र सौंपते हुए साध दम्पत्ति ने कहा कि मेडिकल के छात्रों की शिक्षा के लिए मृत देह आवश्यक है। मेडिकल के छात्र हमारी मृत देह से सीखकर कुशल डॉक्टर बनकर मानव सेवा कर सके इस उद्देश्य से हम देहदान की घोषणा कर रहे हैं। समिति के सहयोग से यह 127 वां देहदान घोषणा पत्र भरा गया। साथ ही मरणोपरांत 8 देह मेडिकल कालेज को सौंपी गई। 475 व्यक्तियों के निधन उपरांत नेत्रदान किए गए। निधन उपरांत नेत्रदान करने, नेत्रदान देहदान की जानकारी व घोषणा पत्र भरने हेतु कभी भी समिति से सम्पर्क किया जा सकता है।

