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Friday, 16 October 2026
नर्मदापुरम

राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस का आयोजन किया जाएगा

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454950 बच्चे एवं 74069 महिलाएं कृमि मुक्ति की गोली खायेंगे

नर्मदापुरम:-प्रदेश में राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस का आयोजन 10 सितंबर को किया जाएगा, जिसमें समस्त विद्यालयों एवं आंगनबाड़ी केन्द्र के माध्यम से 1-19 वर्ष के बच्चों किशोर / किशोरियों को एल्बेंडाजोल 400mg गोली का सेवन कराया जायेगा। भारत सरकार के एनीमिया मुक्त भारत के निर्देशानुसार प्रजनन उम्र की महिलाओं में भी 54 प्रतिशत एनीमिया का प्रमाण है। जिसका एक कारण कृमि संक्रमण भी है। कृमि संक्रमण से प्रजनन उम्र की महिलाओं उनमें खून की कमी व पोषण स्तर पर दुष्प्रभाव परिलक्षित होता हैं।प्रदेश के साथ साथ नर्मदापुरम जिले में 10 सितम्बर को ‘राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस तथा 13 सितम्बर को ‘मॉप अप दिवस का आयोजन किया जा रहा है। जिसमें 20 से 49 वर्ष की महिलाओं को भी एल्बेंडाजोल 400 मिली ग्राम की टेबलेट का वितरण किया जायेगा तथा उसके बाद छूटी हुई महिलाओं को 30 सितम्बर तक एलबेंडाजोल 400 मिलीग्राम की टेबलेट का वितरण होगा। इस अभियान के अंतर्गत आंगनबाड़ी केन्द्रों तथा स्वास्थ्य संस्थाओं पर राष्ट्रीय कृमि मुक्ति कार्यक्रम के सफल संचालन हेतु सीएमएचओ डॉ दिनेश देहलवार एवं डीआईओ डॉ आर के वर्मा द्वारा सभी बीएमओ, बीपीएम बीसीएम को निर्देशित किया गया है। इस अभियान के अंतर्गत शासकीय/ शासकीय अनुदान प्राप्त शालाओं, आदिवासी आश्रम शालाओं, प्रायवेट / प्राइवेट अनुदान प्राप्त शालाओं, केन्द्र शासित शालाओं, मदरसों,स्थानीय निकाय की शालाओं, आंगनबाड़ी केन्द्रों तथा किशोर न्याय अधिनियम 2015 अंतर्गत संचालित चाइल्ड केयर इंस्टीट्यूट में 1 से 19 वर्षीय समस्त बच्चों का कृमिनाशन किया जायेगा, ताकि मिट्टी जनित कृमि संक्रमण की रोकथाम सुनिश्चित हो। उल्लेखनीय है कि बच्चों में कृमि संक्रमण, व्यक्तिगत अस्वच्छता तथा संक्रमित दूषित मिट्टी के संपर्क से संभावित होता हैं। कृमि संक्रमण से बच्चों का जहाँ एक ओर शारीरिक एवं बौद्धिक विकास बाधित होता है वही दूसरी ओर उनमें खून की कमी व पोषण स्तर पर दुष्प्रभाव परिलक्षित होता हैं।

      राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस के क्रियान्वयन हेतु स्वास्थ्य विभाग नोडल विभाग है एवं कार्यक्रम का निष्पादन स्कूल शिक्षा विभाग, महिला एवं बाल विकास विभाग के समन्वय से किया जायेगा। जिसमें अन्य विभाग आदिम जाति कल्याण विभाग, पंचायत राज एवं ग्रामीण विकास विभाग आदि का सहयोग रहेगा। साथ ही डेवलपमेंट पार्टनर संस्था – एविडेन्सएक्शन, यूनिसेफ, न्यूट्रिशन इंटरनेशनल आदि सहयोगी एजेंसी रहेंगे।

      जिला टीकाकरण अधिकारी (DIO) कार्यक्रम के नोडल अधिकारी होंगे जो सीएमएचओ के नेतृत्व में कार्यक्रम को सफलतापूर्वक संपादित करेंगे। डीएचओ, डीपीएम तथा डीसीएम कार्यक्रम के क्रियान्वयन में आवश्यक सहयोग प्रदान करेंगे। जिला मीडिया प्रभारी सुनील साहू ने बताया कि लगभग 454950 बच्चे जो आंगनवाड़ी केंद्रों, शासकीय व निजी स्कूलों, मदरसों में दर्ज एवं शाला त्यागी बच्चे हैं तथा 74069 महिलाएं जो 20 से 49 वर्ष आयु वर्ग की हैं तथा गर्भवती नहीं है को कृमि की गोली खिलाई जायेगी।

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प्रदीप कुमार साहू

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