अनोखा तीर, हरदा। ग्रीष्मकालीन मूंग फसल की सिंचाई के लिए किसानों को नहर का पानी उपलब्ध नहीं हो रहा है। सिंचाई विभाग द्वारा अपनी कार्ययोजना में शामिल कमांड एरिया के किसानों तक भी नहर छूटने के बाद भी पानी नहीं पहुंचाया जा सका है। जिसको लेकर गुरुवार सुबह से जिले के ग्राम सुखरास, खामापडमा, बम्हनगांव औक खारपा के किसानों ने सिंचाई विभाग के खिलाफ धरना शुरू कर दिया है। किसानों का कहना है कि नहर छूटने के बाद एक दिन क्षेत्र के किसानों को पानी मिला था। उसके बाद से नहर सुखी पड़ी हुई है। इसके कारण किसानों के खेतों में लगी मूंग की फसल पर संकट के बादल गहराने लगे हैं। धरने पर बैठे किसान देवेंद्र गहलोद, विनोद चौधरी, आदित्य पटेल ने कहा कि 28 मार्च को नहर में पानी आने के बाद से हमारे क्षेत्र के किसानों को पानी नहीं मिल पाया है। जिसके चलते करीब चार गांव के 200 से अधिक किसानों को सिंचाई के लिए पानी नहीं मिल पा रहा है। किसानों का कहना है कि रेवापुर उपनहर पर यदि 70 के गेज पर पानी दिया जाए तो सभी किसानों के खेतों में सिंचाई हो पाएगी। फिलहाल 30 से 35 के गेज पर पानी दिया जा रहा है। उन्होंने कहा कि अधिकारियों से बार बार गुहार लगाई जा रही है लेकिन उनके द्वारा केवल आश्वासन ही दिया जा रहा है। उधर सिंचाई विभाग के एसडीओ मौसम पोर्ते का कहना है कि ऊपर से ही नहर में पानी कम आ रहा है। जिले में 1000 क्यूसेक की जगह 930 क्यूसेक ही पानी मिल रहा है। फिर भी हमारे द्वारा किसानों को समय से पानी उपलब्ध कराने का पूरा प्रयास किया जा रहा है। आज जहां 35 का गेज था। वहां 45 गेज तक पहुंचा दिया गया है।
Views Today: 2
Total Views: 218

