समाजजनो के साथ महिला महा समिति के पदाधिकारी एवं सदस्यों ने उत्साह के साथ अपनी अपनी सहभागिता दिखाई
खातेगाव। जैन धर्म के प्रथम तीर्थंकर आदिनाथ भगवान के प्रथम पारणा दिवस को जैन समाज हर्षो उल्लास के साथ अक्षय तृतीया के पावन पर्व के रूप में मनाता है । आदिनाथ भगवान का 6 माह पश्चात गन्ने के रस द्वारा राजा श्रेयांश ने पारणा करवा आहार दान दिया था । अतः अक्षय तृतीया को दान का पर्व भी कहते हैं इस पावन अवसर पर श्री दिगंबर जैन महिला महासमिति खातेगांव संभाग द्वारा जीव दया हेतु पक्षियों के जलपान के लिए 55 सकोरों का वितरण किया गया । साथ ही धर्म प्रभावना के लिए साधर्मी बंधुओ एवं जनसाधारण को गन्ने के रस का भी वितरण किया गया जो प्रति वर्ष समाज जनों द्वारा करवाया जाता है उसमें सहयोग कर आहार दान की भी अनुमोदना की । इस कार्यक्रम में सभी समाज जन एवं महिला महा समिति के पदाधिकारी एवं सदस्यों ने उत्साह के साथ अपनी अपनी सहभागिता दिखाई।
उपरोक्त जानकारी दिगम्बर जैन महिला महासमिति सम्भाग खातेगाँव की अध्यक्ष श्रीमती श्रेया काला ने देते हुये सभी के प्रति आभार व्यक्त किया ।





