अनोखा तीर, हरदा। बैलगाड़ी दौड़ की दुनिया में अपनी तेज रफ्तार और शानदार प्रदर्शन से पहचान बनाने वाले प्रसिद्ध बैल भोला का निधन हो गया। उसके निधन से हरदा सहित मध्यप्रदेश और महाराष्ट्र के बैलगाड़ी दौड़ प्रेमियों में शोक की लहर है। ग्राम छोटी हरदा के जेवल्या परिवार ने भोला को बेटे की तरह पाला था। बैलगाड़ी दौड़ में भोला ने मध्यप्रदेश और महाराष्ट्र की अनेक प्रतियोगिताओं में सैकड़ों पुरस्कार जीतकर अपना नाम स्थापित किया। बिच्छापुर की प्रतिष्ठित बैलगाड़ी दौड़ में उसने लगातार पांच वर्षों तक प्रथम स्थान प्राप्त कर अनोखा रिकॉर्ड बनाया था। महाराष्ट्र के भंडारा जिले में आयोजित एक प्रतियोगिता में भोला ने अपने साथी बैलों के साथ प्रथम और द्वितीय दोनों पुरस्कार जीतकर विशेष पहचान बनाई थी। उसकी रफ्तार और निरंतर जीत के कारण उसे बैलगाड़ी दौड़ का बेताज बादशाह माना जाता था। भोला के निधन पर जेवल्या कृषि फार्म छोटी हरदा में श्रद्धांजलि सभा आयोजित की गई। इस दौरान बड़ी संख्या में गौपालक, बैलगाड़ी दौड़ प्रेमी एवं ग्रामीणों ने पुष्प अर्पित कर उसे अंतिम विदाई दी।

