-16000 असाक्षरों के चिन्हांकन का लक्ष्य
अनोखा तीर, हरदा। उल्लास नव भारत साक्षरता अभियान के अंतर्गत जनपद शिक्षा केंद्र हरदा में बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता विकास खंड शिक्षा अधिकारी श्रीमती सीमा ओंकार ने की। बैठक में जिला सह समन्वयक, विकास खंड स्त्रोत समन्वयक, विकास खंड अकादमिक समन्वयक, विकास खंड सह समन्वयक, साक्षरता जनशिक्षक तथा संकुल समन्वयक उपस्थित रहे। जिला सह समन्वयक मुकेश शर्मा ने उल्लास नव भारत साक्षरता कार्यक्रम के पंजीयन, सामाजिक चेतना केंद्र तथा अध्ययन केंद्र के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि असाक्षरों का चिन्हांकन किस प्रकार किया जाए। जिन व्यक्तियों को बुनियादी साक्षरता का ज्ञान नहीं है, जैसे पढ़ना आता है लेकिन लिखना नहीं आता, जोड़ आता है लेकिन घटना नहीं आता, या अन्य बुनियादी ज्ञान नहीं है, उन्हें असाक्षर माना जाएगा। जिनके पास बुनियादी साक्षरता का ज्ञान है, लेकिन साक्षर होने का प्रमाण नहीं है, उन्हें भी असाक्षर की श्रेणी में रखा जाएगा। उन्होंने बताया कि हरदा विकासखंड में 16000 असाक्षरों का चिन्हांकन किया जाना है। इसके लिए जून माह में सभी छात्रों, स्व-सहायता समूह की दीदियों, जन अभियान सदस्यों एवं आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं को साक्षर साथी बनाकर चिन्हांकन कार्य किया जाए। ग्राम नोडल अधिकारी अपने शिक्षकों के माध्यम से सर्वे कार्य कराएं। बीआरसी हरदा ने चिन्हांकन कार्य की सतत मॉनिटरिंग के संबंध में जानकारी दी। बैठक की अध्यक्षता कर रही विकास खंड शिक्षा अधिकारी श्रीमती सीमा ओंकार ने सभी जनशिक्षकों एवं संकुल समन्वयकों को निर्देश दिए कि निर्धारित लक्ष्य के अनुसार सर्वे कार्य जून माह में ही पूर्ण किया जाए। यदि कोई ग्राम नोडल अधिकारी कार्य नहीं करता है तो विकास खंड को इसकी जानकारी दी जाए, ताकि उच्च अधिकारियों को अवगत कराया जा सके।

