बैंक के स्थान पर एनआईसी के सॉफ्टवेयर के उपयोग से आपूर्ति निगम को होगी करोड़ों की बचत

WhatsApp Image 2025-09-19 at 11.24.35 PM


-खाद्य, नागरिक आपूर्ति मंत्री गोविंद सिंह के निर्देश पर विभाग में एक और नवाचार

अनोखा तीर, भोपाल। मध्यप्रदेश खाद्य नागरिक आपूर्ति निगम द्वारा बैंक ऑफ महाराष्ट्र के सॉफ्टवेयर के स्थान पर एनआईसी द्वारा तैयार किए गए सॉफ्टवेयर का उपयोग करने पर निगम को करोड़ो रुपए की बचत होगी। गौरतलब है कि खाद्य नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण मंत्री गोविंद सिंह राजपूत ने अधिकारियों को निर्देशित किया था कि निगम की आर्थिक स्थिति सुदृढ़ करने के लिए हर जरूरी उपाय करें। इसी तारतम्य में निगम द्वारा यह कार्रवाई की गई है।  मध्यप्रदेश राज्य नागरिक आपूर्ति निगम बैंक ऑफ महाराष्ट्र द्वारा उपलब्ध कराए गए सॉफ्टवेयर के माध्यम से जिलों के द्वारा प्रेषित धन मांग-पत्र एवं उनको राशि उपलब्ध कराने का कार्य किया जाता था। इस  सॉफ्टवेयर के माध्यम से जिलों को राशि उपलब्ध कराने की संपूर्ण प्रक्रिया पूर्ण करने में जहां एक ओर अत्याधिक समय लगता था वहीं दूसरी ओर बैंक के खातों में राशि रखने के कारण उस पर ब्याज के रूप में निगम को अनावश्यक वित्तीय भार वहन करना पड़ता था। प्रबंध संचालक मध्यप्रदेश राज्य नागरिक आपूर्ति निगम पीएन यादव ने बताया है कि विभागीय मंत्री गोविंद सिंह राजपूत के निर्देश एवं प्रमुख सचिव श्रीमती रश्मि अरुण शमी के मार्गदर्शन से इस समस्या का समाधान एनआईसी के द्वारा विकसित किए गए ऑनलाईन सॉफ्टवेयर के माध्यम से कराया गया है। इसके कारण जिलों की मांग एवं उन्हें राशि उपलब्ध कराने की संपूर्ण प्रक्रिया में लगने वाले समय में काफी कमी आई है। साथ ही जिला स्तर पर अनावश्यक राशि रखने के कारण होने वाले ब्याज के व्ययभार से बचत की स्थिति निर्मित हुई है। अन्य संसाधनों की भी बचत हुई है। एनआईसी के द्वारा विकसित किया गया साफ्टवेयर ओटीपी आधारित होने के कारण ज्यादा सुरक्षित है। इस सॉफ्टवेयर के माध्यम से जिलों द्वारा की जा रही मांग को नियंत्रित करने के लिए विभिन्न राइडर्स लगाए गए हैं। विभिन्न कार्यालयीन व्यय जैसे टैक्सी किराया, स्टेशनरी, टेलीफोन, कम्प्यूटर रख-रखाय व्यय एवं विभिन्न आकस्मिक व्यय पर भी प्रभावी नियंत्रण स्थापित किया जा रहा है। निगम द्वारा किए गए इन बदलावों से करोड़ो रुपए की वार्षिक बचत होना संभावित है।

153 Views

Leave a Reply

error: Content is protected !!